
रोहित शर्मा संन्यास, BCCI ने तोड़ी चुप्पी: क्या विराट कोहली और रोहित शर्मा को टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने के लिए मजबूर किया गया ?
BCCI ने दिया स्पष्टीकरण: “विराट कोहली और रोहित शर्मा पर किसी तरह का दबाव नहीं था”
भारतीय क्रिकेट के दो सबसे बड़े नामों—विराट कोहली और रोहित शर्मा—के टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद से क्रिकेट प्रेमियों के बीच कई सवाल उठ रहे थे। क्या उन्हें BCCI या चयन समिति द्वारा रिटायरमेंट के लिए मजबूर किया गया था? क्या यह निर्णय पूरी तरह से उनका अपना था?
इन सभी सवालों के बीच BCCI ने आखिरकार चुप्पी तोड़ी और एक आधिकारिक बयान जारी कर स्पष्ट किया कि दोनों खिलाड़ियों पर किसी तरह का दबाव नहीं था।
BCCI का आधिकारिक बयान – क्या कहा गया?
BCCI के एक वरिष्ठ अधिकारी ने मीडिया से बात करते हुए कहा:
“विराट कोहली और रोहित शर्मा जैसे महान खिलाड़ियों ने भारतीय क्रिकेट को अविस्मरणीय योगदान दिया है। उनका टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेना पूरी तरह से उनका व्यक्तिगत निर्णय था। बोर्ड या चयन समिति की तरफ से किसी भी प्रकार का दबाव नहीं डाला गया। हम उनके योगदान के लिए आभारी हैं और उन्हें वह सम्मान देना चाहते हैं जिसके वे हकदार हैं।”
इस बयान के बाद सभी अटकलों पर विराम लग गया है।
विराट कोहली का टेस्ट करियर – एक युग का अंत
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डेब्यू: 2011 (वेस्टइंडीज के खिलाफ)
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कुल मैच: 111
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कुल रन: 8,848
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शतक/अर्धशतक: 29/30
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उच्चतम स्कोर: 254*
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कप्तानी रिकॉर्ड: 40 मैच, 20 जीत (भारत के सबसे सफल टेस्ट कप्तानों में से एक)
विराट कोहली ने 2018-19 में ऑस्ट्रेलिया में ऐतिहासिक टेस्ट सीरीज जीत का नेतृत्व किया, जो भारतीय क्रिकेट के इतिहास में एक मील का पत्थर साबित हुई। हालांकि, पिछले कुछ वर्षों में उनका टेस्ट प्रदर्शन थोड़ा अस्थिर रहा, लेकिन उनकी लगन और जुनून हमेशा कायम रहा।
विराट कोहली ने क्या कहा संन्यास पर?
सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट में कोहली ने लिखा:
“टेस्ट क्रिकेट मेरे दिल के सबसे करीब रहा है। यह निर्णय आसान नहीं था, लेकिन मुझे लगता है कि यह सही समय है। मैं भारतीय टीम के लिए खेलते हुए गर्व महसूस करता हूं और अब नई पीढ़ी को आगे बढ़ने का मौका मिलना चाहिए।”
रोहित शर्मा का टेस्ट सफर – देर से आया, लेकिन छा गया
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डेब्यू: 2013 (वेस्टइंडीज के खिलाफ)
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कुल मैच: 53
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कुल रन: 3,987
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शतक/अर्धशतक: 10/16
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उच्चतम स्कोर: 212
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कप्तानी रिकॉर्ड: 10 मैच, 5 जीत (WTC 2023 फाइनल तक पहुंचाया)
रोहित शर्मा को टेस्ट टीम में स्थायी जगह 2019 के बाद मिली, जब उन्हें ओपनर के रूप में खेलने का मौका दिया गया। इसके बाद उन्होंने कई यादगार पारियां खेली, जिसमें इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया में शानदार प्रदर्शन शामिल है।
रोहित शर्मा ने क्या कहा संन्यास पर?
रोहित ने अपने इंस्टाग्राम पोस्ट में लिखा:
“भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट खेलना मेरे करियर का सबसे गर्व का पल रहा है। अब समय आ गया है कि युवा खिलाड़ी आगे आएं और भारतीय क्रिकेट को नई ऊंचाइयों पर ले जाएं।”
क्या वाकई दबाव था? अटकलों का सच
कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि चयनकर्ताओं ने दोनों खिलाड़ियों को संकेत दिया था कि वे भविष्य की योजनाओं में नहीं हैं। इसके चलते यह अफवाह फैली कि BCCI ने उन्हें रिटायरमेंट लेने के लिए मजबूर किया।
हालांकि, BCCI के बयान ने इन सभी अटकलों को गलत साबित कर दिया है।
क्रिकेट एक्सपर्ट्स की राय
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सुनील गावस्कर: “विराट और रोहित ने समय रहते सही निर्णय लिया है। युवाओं को अवसर मिलना चाहिए।”
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आकाश चोपड़ा: “दोनों ने अपने करियर में जो हासिल किया है, वह अद्भुत है। अब वे वनडे और T20 पर फोकस कर सकते हैं।”
आगे क्या? क्या विराट-रोहित अभी भी खेलेंगे वनडे और T20?
अब सवाल यह है कि क्या विराट कोहली और रोहित शर्मा अभी भी वनडे और T20 क्रिकेट खेलेंगे?
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विराट कोहली: T20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए महत्वपूर्ण खिलाड़ी हो सकते हैं।
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रोहित शर्मा: वर्तमान में T20 कप्तान हैं और आगे भी लीडरशिप की भूमिका निभा सकते हैं।
BCCI ने स्पष्ट किया है कि दोनों खिलाड़ी सफेद गेंद के फॉर्मेट (ODI & T20) में उपलब्ध हैं।
निष्कर्ष: एक युग का सम्मानजनक अंत
BCCI के बयान ने साफ कर दिया है कि विराट कोहली और रोहित शर्मा का टेस्ट क्रिकेट से संन्यास पूरी तरह से उनका निजी निर्णय था। दोनों ने भारतीय क्रिकेट को अविस्मरणीय योगदान दिया है और अब वे अन्य फॉर्मेट्स पर फोकस कर सकते हैं।
भारतीय क्रिकेट इन दोनों महान खिलाड़ियों का हमेशा आभारी रहेगा।
आपकी राय?
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